सगार- जंतर-मंतर की घटना के विरोध में कांग्रेस का प्रदर्शन, राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन
दिल्ली के जंतर-मंतर पर विपक्षी सांसदों के साथ कथित दुर्व्यवहार और बल प्रयोग के विरोध में मध्यप्रदेश के सागर जिले के खुरई में कांग्रेस ने प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने काली पट्टी बांधकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और घटना के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग उठाई। प्रदर्शन के बाद कांग्रेस नेताओं ने नायब तहसीलदार कमलेश सतनामी को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस नेताओं ने इस घटना को लोकतांत्रिक व्यवस्था और जनप्रतिनिधियों की आवाज से जुड़ा गंभीर मुद्दा बताया। खुरई के राजीव गांधी चौक पर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी शहर और ग्रामीण क्षेत्र के कार्यकर्ता एकत्रित हुए। यहां कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुई घटना के विरोध में प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने अपनी बांहों पर काली पट्टी बांधी और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए विरोध दर्ज कराया।
प्रदर्शन में शामिल कांग्रेस नेताओं ने घटना को लोकतंत्र के लिए काला दिवस बताते हुए कहा कि जनप्रतिनिधियों को अपनी बात रखने और जनता से जुड़े मुद्दे उठाने का अधिकार मिलना चाहिए। नेताओं ने आरोप लगाया कि विपक्ष की आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में असहमति और विरोध के लिए पर्याप्त स्थान होना जरूरी है। राजीव गांधी चौक पर प्रदर्शन के बाद कांग्रेस कार्यकर्ता जुलूस के रूप में तहसील कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने नायब तहसीलदार कमलेश सतनामी को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से जंतर-मंतर की घटना की निष्पक्ष जांच कराने और कथित दुर्व्यवहार के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की गई।
शहर कांग्रेस अध्यक्ष एडवोकेट शाकिर खान ने भी घटना पर नाराजगी जताते हुए कहा कि जनप्रतिनिधियों की आवाज को दबाने का प्रयास स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारे लगाए और अपनी मांगों को प्रमुखता से उठाया। फिलहाल खुरई में कांग्रेस ने ज्ञापन सौंपकर अपना विरोध दर्ज कराया है। अब देखना होगा कि जंतर-मंतर की घटना को लेकर कांग्रेस की मांगों पर आगे क्या कार्रवाई होती है।