जर्जर मकान भरभराकर गिरा, अंदर फंसे 12 लोगों का रेस्क्यू | SAGAR TV NEWS |
रात उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक जर्जर दो मंजिला मकान अचानक भरभराकर गिर पड़ा। मकान का हिस्सा गिरते ही अंदर मौजूद महिलाएं और बच्चों समेत 12 लोग फंस गए। हादसे के बाद चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव का काम शुरू किया। सूचना मिलते ही पुलिस, नगर निगम और जिला प्रशासन की टीमें भी मौके पर पहुंच गईं। घटना एमपी के जबलपुर के तिलक वार्ड के नया मोहल्ला इलाके में पारस मार्बल के पीछे की बताई जा रही है। बताया गया कि मकान पहले से ही जर्जर हालत में था। सोमवार रात अचानक मकान का एक हिस्सा भरभराकर नीचे आ गिरा। मलबा गिरने के बाद अंदर मौजूद 12 लोग बाहर नहीं निकल पा रहे थे।
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस और प्रशासन को सूचना दी। बचाव दल के सामने सबसे बड़ी चुनौती कमजोर हो चुके मकान के अंदर फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालना था। राहत और बचाव टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से मकान के पिछले हिस्से की दीवार तोड़कर सुरक्षित रास्ता बनाया। इसके बाद सीढ़ियों और रस्सियों की मदद से एक-एक कर अंदर फंसे सभी 12 लोगों को बाहर निकाला गया। रेस्क्यू के दौरान प्रशासन ने आसपास के इलाके की घेराबंदी कर दी, ताकि कमजोर ढांचे का कोई और हिस्सा गिरने से हादसा न हो। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। प्राथमिक स्वास्थ्य जांच में सभी लोग सुरक्षित पाए गए।
जानकारी के मुताबिक, मकान संयुक्त रूप से विनय राजपूत, चंदन सिंह, विक्रम सिंह, दीपक राजपूत और राकेश कौशिक का बताया गया है। मकान में किराएदार सूरज विश्वकर्मा अपने परिवार के साथ रह रहे थे। हादसे के बाद मकान का बचा हुआ हिस्सा भी असुरक्षित बताया गया। दोबारा हादसे की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने आसपास के रास्ते पर आवागमन रोक दिया और लोगों को जर्जर हिस्से से दूर रखा।
अधिकारियों की निगरानी में भवन के असुरक्षित हिस्से को हटाने की कार्रवाई की गई। इस घटना ने शहर में मौजूद जर्जर और पुराने भवनों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों की मांग है कि ऐसे भवनों को समय रहते चिन्हित कर जरूरी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे को टाला जा सके।