जुमे की नमाज को लेकर हाई अलर्ट, 2000 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात
एमपी के उज्जैन में शाही मस्जिद के हिस्से को तोडने की कार्रवाई की जा रही इसी बीच शुक्रवार जुमे की नमाज को लेकर पुलिस प्रशासन अलर्ट मोड दिखाई दिया, उज्जैन शहर में सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए 2 हजार से अधिक पुलिस के जवानों को तैनात किया गया था। यहां पर सिंहस्थ 2028 को देखते हुए सड़क चौड़ीकरण का कार्य चल रहा है, जिसमे पहले खड़े वाले हनुमान मंदिर के हिस्से को गिराया गया था अब रस्ते की जद में आ रहे शाही मस्जिद के भी एक हिस्से को गिराया जा रहा है,
लेकिन बीते दिनों इसको लेकर स्थिति बिगड़ गई जिसके बाद से ही प्रशासन अलर्ट है अब शुक्रवार को संवेदनशील इलाकों से लेकर प्रमुख चौराहों और धार्मिक स्थलों तक अतिरिक्त पुलिस बल लगाया गया, वहीं CCTV कैमरों के साथ ड्रोन के जरिए भी निगरानी की गई, एमपी की उज्जैन पुलिस प्रशासन के मुताबिक, जुमे की नमाज के मद्देनजर शहर में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे । संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस अधिकारियों और जवानों को लगातार पेट्रोलिंग करते रहे,
इसी बीच शाही मस्जिद के एक हिस्से को हटाने का कार्य भी जारी होने की जानकारी सामने आई है। इसके चलते पुलिस और प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं। संबंधित क्षेत्र में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। पुलिस का खास फोकस अब सोशल मीडिया पर भी है। पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा ने नागरिकों से अपील की है कि वे शांति बनाए रखें और सोशल मीडिया पर किसी भी तरह की अपुष्ट, भ्रामक या अफवाह फैलाने वाली जानकारी साझा न करें।
पुलिस के मुताबिक, सोशल मीडिया से जुड़े पांच अकाउंट के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा चुकी है। पुलिस ने चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया के जरिए अफवाह या भ्रामक जानकारी फैलाकर कानून व्यवस्था प्रभावित करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस प्रशासन ने लोगों से कहा है कि वे सोशल मीडिया पर आने वाली किसी भी जानकारी की सत्यता जांचे बिना उसे आगे न बढ़ाएं। किसी संदिग्ध गतिविधि या भ्रामक पोस्ट की जानकारी मिलने पर तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील भी की गई है। उज्जैन से संवाददाता संजय शर्मा की रिपोर्ट।