सागर संभाग के पन्ना में मुआवजा-पुनर्वास पर कमिश्नर की सख्ती, एक सप्ताह में प्रकरण तैयार करने के निर्देश
एमपी के सागर संभाग के पन्ना में केन-बेतवा लिंक परियोजना समेत रूंझ और मझगांय सिंचाई परियोजनाओं से प्रभावित परिवारों के मुआवजा और पुनर्वास को लेकर प्रशासन ने कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए हैं। संभागायुक्त दिलीप कुमार ने गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों के साथ बैठक कर अब तक हुए कार्यों की समीक्षा की।
उन्होंने राजस्व और जल संसाधन विभाग के अधिकारियों को आगामी एक सप्ताह में मुआवजा और अतिरिक्त मुआवजा राशि के प्रकरण तैयार करने के निर्देश दिए हैं। बैठक में संभागायुक्त ने कहा कि पात्र प्रभावित परिवारों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार राशि का वितरण कराया जाए। उन्होंने जनप्रतिनिधियों के माध्यम से स्वीकृति पत्र वितरित कराने और ग्रामीणों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने देने के निर्देश दिए।
सिंचाई परियोजनाओं से विस्थापित परिवारों की नई बसाहट में बिजली, पेयजल और सड़क सहित जरूरी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया। अधिकारियों को संयुक्त दल बनाकर सर्वे और दस्तावेजों की जांच समय सीमा में पूरी करने के निर्देश दिए गए। केन-बेतवा लिंक परियोजना के तहत 5 अक्टूबर से तारा, अहिरगुआं, पटी बजरिया, झरकुआं, उड़ला और रामपुर सहित विभिन्न गांवों में शिविर लगाने के निर्देश दिए गए हैं। इन शिविरों में संबंधित विभागों की टीमें पहुंचकर परिवारों की समस्याएं सुनेंगी, दस्तावेजों की जांच करेंगी और रोजगार से जुड़े प्रकरण भी तैयार किए जाएंगे।
वहीं रूंझ और मझगांय परियोजनाओं के तहत 3 और 4 अक्टूबर को मझगांय, बालूपुर और कुंवरपुर में विभागीय दल पहुंचेंगे। ग्रामीणों के बैंक खाते, मुआवजा वितरण और मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी जानकारी जुटाई जाएगी। स्वास्थ्य विभाग को मोबाइल हेल्थ यूनिट के जरिए स्वास्थ्य परीक्षण और दवा वितरण के निर्देश भी दिए गए हैं। बैठक में पात्र और अपात्र हितग्राहियों की सूची ग्रामीणों के सामने पढ़ने और सार्वजनिक स्थान पर चस्पा करने के निर्देश दिए गए, ताकि प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे।
महिलाओं को आजीविका से जोड़ने के लिए स्व-सहायता समूह बनाने पर भी जोर दिया गया। बैठक में पुलिस महानिरीक्षक इरशाद वली, डीआईजी विजय कुमार खत्री, कलेक्टर ऊषा परमार, एसपी निवेदिता नायडू सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा संभागायुक्त ने सीएम हेल्पलाइन की वीडियो कॉन्फ्रेंस में भी हिस्सा लिया। इस दौरान लंबित शिकायतों के समयबद्ध निराकरण और फील्ड स्तर की समस्याओं पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए।