सीमेंट फैक्ट्री में मजदूर की मौत, रात में लापता हुआ था चंदन; सुबह जंगल में मिला शव, मुआवजे की मांग
एमपी के नीमच के कैंट थाना क्षेत्र से एक मजदूर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। सकराना स्थित गोल्ड क्रस्ट सीमेंट फैक्ट्री परिसर के जंगल क्षेत्र में 25 वर्षीय मजदूर बेसुध हालत में मिला। उसे तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। मजदूर की मौत के बाद साथी मजदूरों ने धरना देकर मृतक के परिवार को 30 लाख रुपए मुआवजा देने की मांग उठाई है। मृतक की पहचान झारखंड के ग्राम अंधारी बाग कला निवासी चंदन कुमार पिता अरविंद कुमार भुइया के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि चंदन करीब पांच दिन पहले ही अपने साथियों और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ सकराना स्थित फैक्ट्री में सरिया-सेंटिंग का काम करने आया था। वह अन्य मजदूरों के साथ फैक्ट्री परिसर में बने ठिकाने पर रह रहा था।
परिजनों के मुताबिक रविवार रात चंदन बिना किसी को बताए मजदूरों के ठिकाने से बाहर चला गया। काफी देर तक जब वह वापस नहीं लौटा तो साथियों और परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। रातभर खोजबीन के बाद भी उसका कोई पता नहीं चला। सोमवार को परिजन पुलिस को गुमशुदगी की सूचना देने की तैयारी कर रहे थे। इसी दौरान चंदन फैक्ट्री परिसर के जंगल क्षेत्र में बेसुध हालत में मिला। सूचना मिलते ही फैक्ट्री प्रबंधन और पुलिस को जानकारी दी गई। 112 की टीम मौके पर पहुंची और पंचनामा कार्रवाई के बाद चंदन को एंबुलेंस से जिला अस्पताल भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद मजदूरों में आक्रोश देखने को मिला। मजदूरों ने धरना शुरू कर मृतक के परिजनों को 30 लाख रुपए मुआवजा देने की मांग की। लेबर इंचार्ज उपेंद्र कुमार पासवान ने भी फैक्ट्री प्रबंधन से मजदूरों की मांग पर विचार करने की अपील की। मजदूर पंकज अहीर समेत अन्य लोगों ने मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की बात कही। फिलहाल चंदन की मौत की वजह स्पष्ट नहीं है। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट के साथ ही चंदन के रात में निकलने से लेकर जंगल में मिलने तक की परिस्थितियों की जांच कर रही है। बिठा प्रभारी थाना दीवाल सिंह के मुताबिक जांच के बाद ही मौत की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।