कलेक्टर ने तहसीलदार को फोन पर लगाई फटकार, बोले तुम्हारे नाम से लोग रो रहे हैं | SAGAR TV NEWS |
एमपी के रीवा में मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान के दौरान उस वक्त माहौल गरमा गया, जब जनसुनवाई में जमीन से जुड़ी समस्या लेकर पहुंची एक महिला अपनी परेशानी बताते हुए भावुक हो गई। महिला ने कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी को बताया कि उसे प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिला है, लेकिन जमीन से जुड़े मामले में स्थगन के कारण आवास निर्माण अटका हुआ है। शिकायत सुनने के बाद कलेक्टर ने मौके से ही गुढ़ तहसीलदार अरुण कुमार यादव को फोन लगाया और मामले की जानकारी ली। दरअसल, गुढ़ तहसील क्षेत्र के महसांव में ग्रामीणों की समस्याएं सुनने के दौरान यह मामला सामने आया। महिला के मुताबिक, प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिलने के बावजूद जमीन से जुड़े प्रकरण में स्थगन लगाए जाने के कारण वह निर्माण आगे नहीं बढ़ा पा रही है। उसने यह भी बताया कि समस्या के समाधान के लिए वह लगातार तहसील कार्यालय के चक्कर काट रही है।
अपनी समस्या बताते हुए महिला भावुक हो गई। इसके बाद कलेक्टर ने संबंधित तहसीलदार से फोन पर बात की और प्रकरण की स्थिति के बारे में जानकारी मांगी। बातचीत के दौरान कलेक्टर ने तहसीलदार के रवैये पर नाराजगी जताई और सख्त लहजे में कहा—“ज्यादा उड़ रहे हो, शर्म करो, तुम्हारे नाम से लोग रो रहे हैं।” यह बातचीत सामने आने के बाद इसका वीडियो भी चर्चा में है। कलेक्टर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित प्रकरण की जांच और नियमानुसार समाधान के निर्देश दिए। प्रशासन की ओर से शिकायत के तथ्यों और जमीन से जुड़े रिकॉर्ड के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही गई है।
जनविश्वास अभियान के दौरान अन्य ग्रामीणों ने भी जमीन और राजस्व से जुड़ी समस्याएं कलेक्टर के सामने रखीं। कुछ ग्रामीणों ने राजस्व प्रकरणों के लिए बार-बार तहसील कार्यालय के चक्कर लगाने और शिकायतों के समय पर निराकरण नहीं होने की बात कही। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आमजन की शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए और प्रकरणों का नियमानुसार तथा निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार निराकरण किया जाए। मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान का उद्देश्य भी प्रशासन को जनता के बीच ले जाकर उनकी समस्याओं का समाधान करना है। इस पूरे घटनाक्रम में ग्रामीण की शिकायत, कलेक्टर की नाराजगी और तहसीलदार से जवाब-तलब का मामला चर्चा में बना हुआ है। अब संबंधित राजस्व प्रकरण के दस्तावेज और जांच के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।