शाही मस्जिद विवाद के बाद पुलिस का फ्लैग मार्च, 15 हिरासत में और 7 पर FIR; ड्रोन-CCTV से निगरानी
एमपी के उज्जैन में शाही मस्जिद के हिस्से को हटाने की कार्रवाई को लेकर सोमवार को हुए हंगामे के बाद प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी है। सड़क चौड़ीकरण की कार्रवाई के दौरान विरोध, पथराव और पुलिस की कार्रवाई के बाद अब संवेदनशील इलाके में भारी पुलिस बल तैनात है। इसी बीच कलेक्टर रोशन कुमार सिंह और एसपी प्रदीप शर्मा ने पुलिस के माउंटेड स्क्वाड के साथ शहर में फ्लैग मार्च किया। प्रशासन की ओर से लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की जा रही है। सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के तहत उज्जैन में सड़क चौड़ीकरण का काम चल रहा है। इसी परियोजना के दायरे में शाही मस्जिद का कुछ हिस्सा भी आ रहा है। सोमवार को इस हिस्से को हटाने की कार्रवाई के दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई थी और पुलिस पर पथराव की घटनाएं सामने आईं। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस और लाठीचार्ज का इस्तेमाल किया।
हंगामे के बाद पुलिस ने उपद्रव और कानून-व्यवस्था प्रभावित करने के मामले में कार्रवाई तेज कर दी है। आपके स्थानीय अपडेट के मुताबिक, अब तक 15 लोगों को हिरासत में लिया गया है और 7 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। पुलिस की जांच में सोशल मीडिया पर भड़काऊ या भ्रामक सामग्री प्रसारित करने वालों की भूमिका भी देखी जा रही है। एसपी प्रदीप शर्मा के मुताबिक, पुलिस और साइबर सेल सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लगातार नजर रख रही है। पुलिस का कहना है कि अफवाह या भ्रामक जानकारी फैलाकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
सुरक्षा के लिहाज से शाही मस्जिद के आसपास बैरिकेडिंग की गई है। संवेदनशील क्षेत्र में भारी पुलिस बल के साथ ड्रोन और CCTV कैमरों से निगरानी की जा रही है। रिपोर्टों के मुताबिक, इलाके में बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। वहीं, मस्जिद के हिस्से को हटाने की कार्रवाई को लेकर कानूनी प्रक्रिया भी चल रही है और मामले पर हाईकोर्ट में सुनवाई प्रस्तावित थी। प्रशासन का कहना है कि सिंहस्थ की तैयारियों और सड़क चौड़ीकरण से जुड़े कार्यों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत आगे बढ़ाया जा रहा है। फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखना और किसी भी तरह की अफवाह या तनाव को बढ़ने से रोकना है। पुलिस की लगातार निगरानी के बीच उज्जैन में स्थिति पर प्रशासन नजर बनाए हुए है।