बारिश ने खोली जल निकासी की पोल! सड़कें बनीं तालाब, निचले इलाकों में भरा पानी | SAGAR TV NEWS |
एमपी के रीवा में शनिवार सुबह हुई तेज बारिश ने एक बार फिर शहर की जल निकासी व्यवस्था की पोल खोल दी। महज दो से तीन घंटे की बारिश के बाद ही शहर के कई वार्डों और निचले इलाकों में पानी भर गया। कई सड़कें तालाब में तब्दील नजर आईं, जबकि रहवासी इलाकों में जलभराव के कारण लोगों को घरों से निकलने और वाहन चलाने में परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश का असर शहर के कई हिस्सों में दिखाई दिया, लेकिन निराला नगर स्थित पटेल हॉस्टल क्षेत्र में जलभराव की स्थिति ज्यादा गंभीर रही। स्थानीय लोगों के मुताबिक, पानी की निकासी बाधित होने के कारण बारिश का पानी लंबे समय तक इलाके में जमा रहा। लोगों ने जल निकासी में अतिक्रमण को भी एक वजह बताया और स्थायी समाधान की मांग की।
खास बात यह है कि रीवा में जलभराव की समस्या पहली बार नहीं सामने आई है। इससे पहले हुई बारिश में भी शहर के कई इलाकों में पानी भर गया था। इसके बाद नगर निगम की ओर से नालियों की सफाई और जल निकासी व्यवस्था को बेहतर करने के दावे किए गए थे। लेकिन शनिवार को कुछ घंटों की बारिश ने इन दावों पर फिर सवाल खड़े कर दिए। स्थानीय लोगों का कहना है कि हर साल बारिश के मौसम में यही तस्वीर देखने को मिलती है। तेज बारिश होते ही निचले इलाकों में पानी भर जाता है और लोगों की मुश्किलें बढ़ जाती हैं। ऐसे में नागरिक अब केवल अस्थायी राहत नहीं, बल्कि जल निकासी की ठोस और स्थायी व्यवस्था चाहते हैं।
इधर, जलभराव की सूचना मिलने के बाद रीवा कलेक्टर नरेंद्र सिंह सूर्यवंशी ने शहर के कई वार्डों का निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर पहुंचकर जलभराव की स्थिति देखी और संबंधित अधिकारियों को तत्काल पानी निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निचले इलाकों पर विशेष निगरानी रखने और जल निकासी में आ रही बाधाओं को तत्काल दूर करने को कहा गया। अब सवाल यही है कि जब बारिश अभी जारी है और मौसम विभाग की ओर से आगे भी बारिश की संभावना बनी हुई है, तो क्या प्रशासन और नगर निगम समय रहते व्यवस्था दुरुस्त कर पाएंगे? या फिर अगली तेज बारिश में रीवा की सड़कें एक बार फिर तालाब में तब्दील होंगी।