सड़क के लिए ग्रामीणों का हल्ला बोल, बोले कलेक्टर साहब सड़क सही करवा दो!
बारिश ने ग्रामीण इलाकों की बदहाल सड़कों की पोल खोल दी है। एमपी के शिवपुरी जिला मुख्यालय से करीब 30 किलोमीटर दूर ग्राम बिछी में खराब सड़क को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। मंगलवार को ग्रामीण कलेक्टोरेट पहुंचे और अधिकारियों को अपनी समस्या बताकर जल्द सड़क दुरुस्त कराने की मांग की।
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की हालत इतनी खराब है कि यहां से पैदल निकलना भी मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों के मुताबिक बारिश के बाद गांव को मुख्य मार्ग से जोड़ने वाली सड़क जगह-जगह कीचड़ और गड्ढों में तब्दील हो गई है। सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही है। खराब रास्ते के कारण बच्चों को स्कूल आने-जाने में मुश्किल होती है और कई बार उन्हें जोखिम उठाकर इस रास्ते से गुजरना पड़ता है।
ग्रामीणों ने बताया कि सड़क की बदहाली का सबसे गंभीर असर गर्भवती महिलाओं और मरीजों पर पड़ रहा है। गांव तक एंबुलेंस पहुंचने में परेशानी होती है। ऐसे में प्रसव के समय महिलाओं को कई बार ट्रैक्टर-ट्रॉली के जरिए मुख्य सड़क तक ले जाना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि आपात स्थिति में खराब सड़क किसी बड़ी मुसीबत का कारण बन सकती है। ग्रामीणों ने दावा किया कि वे सड़क निर्माण को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों से लेकर सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया और अन्य भाजपा नेताओं तक अपनी समस्या पहुंचा चुके हैं, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं हुआ। लगातार आश्वासन मिलने के बाद मंगलवार को ग्रामीणों ने कलेक्टोरेट पहुंचकर प्रशासन से सीधे हस्तक्षेप की मांग की।
ग्रामीणों ने अधिकारियों से कहा कि उन्हें बड़ी-बड़ी योजनाएं नहीं, बल्कि गांव तक पहुंचने के लिए एक ठीक सड़क चाहिए। उनका कहना है कि सड़क बन जाने से बच्चों की पढ़ाई, मरीजों की आवाजाही और रोजमर्रा के काम आसान हो जाएंगे। शिकायत के बाद जिला पंचायत सीईओ विजय राज ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि संबंधित जनपद सीईओ को मौके पर भेजकर सड़क की स्थिति का निरीक्षण कराया जाएगा और उसे दुरुस्त कराने की कार्रवाई की जाएगी। अब ग्रामीणों की नजर प्रशासन के अगले कदम पर है। सवाल यही है कि वर्षों से चली आ रही सड़क की समस्या का समाधान कब होगा और क्या इस बारिश के बाद गांव की तस्वीर बदलेगी?