सड़क किनारे मिली गुमशुदा युवक की ला श, परिजनों का चक्काजाम, डिप्टी सीएम का काफिला रोककर मांगा न्याय
एमपी के रीवा जिले के मनगवां थाना क्षेत्र के बेलवा पैकान में सोमवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब सड़क किनारे एक युवक का शव मिलने से हड़कंप मच गया। मृतक की पहचान कुछ दिन पहले लापता हुए युवक के रूप में बताई जा रही है। शव मिलने की खबर जैसे ही परिजनों को लगी, वे मौके पर पहुंचे और युवक की मौत को लेकर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग करने लगे। जानकारी के मुताबिक युवक की गुमशुदगी की रिपोर्ट 9 अगस्त को मनगवां थाने में दर्ज कराई गई थी। परिजन लगातार उसकी तलाश कर रहे थे। करीब आठ दिन बाद सड़क किनारे शव मिलने से परिवार में मातम के साथ आक्रोश भी फैल गया।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम के साथ एसएफएल टीम भी मौके पर पहुंची। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जरूरी साक्ष्य जुटाए। वहीं एसडीओपी, तहसीलदार और थाना प्रभारी समेत पुलिस एवं प्रशासन के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। शव मिलने से नाराज परिजनों ने रीवा-बनारस राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्काजाम कर दिया। परिजनों की मांग थी कि युवक की मौत की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि उसकी मौत के पीछे किसी की भूमिका सामने आती है तो आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। चक्काजाम के कारण हाईवे पर यातायात प्रभावित हुआ और मौके पर तनाव की स्थिति बन गई।
इसी दौरान रीवा से मनगवां की ओर जा रहे मध्यप्रदेश के डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल के काफिले को भी आक्रोशित परिजनों ने रोक लिया। डिप्टी सीएम मौके पर रुके और करीब आधे घंटे तक परिजनों से बातचीत की। उन्होंने उनकी बात सुनी और मामले को गंभीरता से लेते हुए उच्चस्तरीय जांच तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया। डिप्टी सीएम के आश्वासन के बाद प्रशासन ने परिजनों से बातचीत कर स्थिति सामान्य कराने के प्रयास शुरू किए। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अब पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल युवक की मौत की वजह को लेकर है। यह हादसा है, आत्महत्या है या फिर किसी आपराधिक घटना का परिणाम—इसका खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगा।