बारिश में 100 फीट ऊंचा पवा झरना उफना, देखने उमड़ी भीड़… नदी में डूबा 22 साल का युवक
लगातार हो रही बारिश ने नदी-नालों और झरनों को उफान पर ला दिया है। एमपी के शिवपुरी के कोलारस-पोहरी के बीच स्थित पवा झरना सीजन में पहली बार पूरे वेग के साथ बह रहा है। करीब 100 फीट की ऊंचाई से गिरते झरने का रोमांचक नजारा देखने बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। लेकिन इसी बारिश के बीच लापरवाही जानलेवा भी साबित हो रही है। तेंदुआ थाना क्षेत्र में नदी में नहाने गए 22 वर्षीय युवक की डूबने से मौत हो गई।
बारिश के बाद पवा झरने का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। करीब 100 फीट ऊंचाई से गिरता पानी दूर से ही बेहद आकर्षक नजर आ रहा है। झरने की खूबसूरती देखने के लिए बड़ी संख्या में सैलानी यहां पहुंच रहे हैं। हालांकि तेज बहाव के बीच झरनों और जलस्रोतों के पास जाना बेहद जोखिम भरा है। भीड़ बढ़ने के साथ हादसे की आशंका भी बनी हुई है।
इसी बीच तेंदुआ थाना क्षेत्र में नदी में नहाने के दौरान 22 वर्षीय छोटू जाटव की डूबने से मौत हो गई। छोटू श्योपुर जिले के सहसराम गांव का रहने वाला था और अपनी ससुराल आया हुआ था। बताया गया कि वह अपने साले और साडू के साथ बाइक से लौट रहा था। रास्ते में केनवाया गांव के पास तीनों नदी में नहाने के लिए रुके। इसी दौरान छोटू गहरे पानी में चला गया और डूब गया। लगातार बारिश के कारण जिले के ग्रामीण इलाकों में भी हालात चुनौतीपूर्ण हैं। कई रपटों के ऊपर से तेज बहाव के साथ पानी गुजर रहा है। इसके बावजूद लोग बाइक और अन्य वाहनों से पानी पार करने की कोशिश कर रहे हैं। तेज बहाव के बीच जरा सी चूक बड़ा हादसा बन सकती है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बारिश के दौरान नदी, नाले, रपट और झरनों के आसपास जाने से बचें। जलभराव वाले रास्तों को पार करने के बजाय वैकल्पिक मार्ग अपनाएं। खासतौर पर तेज बहाव वाले स्थानों पर सेल्फी, नहाने या रोमांच के लिए जोखिम न उठाएं। बारिश ने जहां शिवपुरी के प्राकृतिक स्थलों को खूबसूरत बना दिया है, वहीं यही खूबसूरती अब खतरे का कारण भी बन रही है। पवा झरने का रौद्र रूप लोगों को आकर्षित कर रहा है, लेकिन एक छोटी सी लापरवाही जिंदगी पर भारी पड़ सकती है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और सुरक्षा नियमों का पालन करने की अपील की है।