पैतृक जमीन पर दबंगों का कब्ज़ा,कोर्ट के आदेश पर कब्जा दिलाने पहुंचा प्रशासन उलटे पांव लौटा ! आरोप
पैतृक जमीन पर दबंगों द्वारा जबरन कब्जा किये जाने के गंभीर आरोपों का मामला सामने आया है। जिससे आये दिन विवाद की स्थिति बनती है। वहीं ऐसी बात भी सामने आई है की राजनैतिक दबाव की वजह से प्रशासन कार्यवाई नहीं कर रहा है।
यह पूरा मामला मुख्यमंत्री मोहन यादव के गृह जिले उज्जैन जिले की ग्राम पंचायत भोलड़िया तहसील माकड़ौन का है। जहां जितेंद्र सिंह की करीब एक बीघे का जमीन विवाद बीते कुछ सालों से चल रहा है। जिसे जितेंद्र सिंह ने इंदौर हाईकोर्ट से जीत भी लिया। कोर्ट ने जितेंद्र सिंह के पक्ष में फैसला सुनाते हुए प्रशासन से उसे उसकी पैतृक जमीन दिलवाने का आदेश जारी भी कर दिया। लेकिन आरोप है की गांव के कुछ दबंग जो देवी सिंह, वीरेंद्र सिंह, अनूप सिंह, महिपाल सिंह, जीवन सिंह, नागू सिंह जिसमें नागू सिंह की विवाद करने में अहम भूमिका रहती है। जितेंद्र सिंह के परिवार को जान से मारने की आए दिन धमकी दी जाती है।
कोर्ट के आदेश के बाद प्रशासन कब्जा दिलवाने मौके पर पहुंचा। लेकिन दबंग तलवार, डंडे और अन्य धारदार हथियार लेकर मौके पर पहुंच गए। जिसका नतीजा ये हुआ की प्रशासन पीछे हट गया और बिना कब्जा दिलवाए वापस लौट गया। आरोप ये भी है की राजनीतिक दबाव के चलते दबंगों के हौसले इतने बुलंद थे की जितेंद्र सिंह द्वारा कोर्ट के आदेश पर मिली अनुमति उक्त जमीन पर खंभे गाढ़ने का प्रयास भी किया। उसे दबंगई से ट्रैक्टर से निकाल दिया गया।
जितेंद्र सिंह और उसके भाई धर्मेंद्र सिंह ने प्रशासन से गुहार लगाते हुए कलेक्टर, एसपी ऑफिस उज्जैन, एसडीएम कार्यालय, तहसीलदार को भी आवेदन दिया। यहां तक की वह थाने भी गए। आरोप है की वहां पर उन्हें ही थाने में बैठा लिया गया। साथ ही उन पर केस दर्ज कर लिया। अब पीड़ित ने मीडिया के सामने गुहार लगाई है की उन्हें उनकी पैतृक जमीन वापस दिलवाई जाए।