महिला टीआई ने राज्य मंत्री को झाड़ दिया,मंच पर हुई जुबानी जंग,बगल झांकने लगे नेता जी
राज्य मंत्री और महिला टीआई में हुई जुबान जंग का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जबरदस्त तरीके से वायरल हो रहा है। जिसमें नेता जी की फजीहत भी हो रही है। दरअसल नेता जी ने मेले के दौरान भरे मंच से टीआई की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए। इस दौरान मंच पर ही मौजूद महिला टीआई ने माइक थामा और लोगों से पूछा की आप में से किसी को कोई दिक्कत आई है तो हाथ उठाइये। भीड़ में से किसी ने भी हाथ नहीं उठाया। तो राज्य मंत्री बगल झाँकने लगे। मामला एमपी श्योपुर जिले का है। मेला समापन के मौके पर आयोजित हुए कार्यक्रम में दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री और महिला टीआई के बीच जुबानी जंग हुई। पूर्व विधायक और सहरिया विकास अभिकरण के उपाध्यक्ष सीताराम आदिवासी ने मंच से पुलिस और महिला टीआई पर आरोप लगाये थे। लेकिन उन्होंने आरोपों को गलत ठहरा दिया। अब दोनों का यह वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है।
यह वायरल वीडियो कराहल के प्रसिद्ध पनवाड़ा बाली माता के मंदिर पर बीती नवरात्रि में आयोजित हुए मेले का बताया जा रहा है। मेले का समापन 3 दिन पहले हुआ था। इस दौरान क्षेत्र के जनप्रतिनिधि और पुलिस प्रशासन के अधिकारियों के अलावा स्थानीय लोग वहां पहुंचे थे। मेले में दो दिन पहले कांग्रेस विधायक मुकेश मल्होत्रा का एक्सीडेंट हो गया था। जिससे वह घायल हो गए थे। इसे लेकर बीजेपी के पूर्व विधायक और दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री सीताराम आदिवासी ने पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि जब से यह महिला टीआई आई है। तब से लोगों को परेशान कर रखा है। मेले में महिलाओं को दिक्कत हो रही है। ऐसे कई टी आई और चले गए। मेला रात्रि में 1:00 बजे तक चलेगा। जब यह सब हुआ कराहल टीआई यास्मीन खान मंच पर ही बैठी थीं। भाषण खत्म होते ही उन्होंने माइक थामा और जनता से पूछने लगी कि मेले में किसी को कोई समस्या हुई है तो हाथ खड़ा करें। इस दौरान किसी ने भी हाथ खड़ा नहीं किया, तब महिला टीआई कहने लगी के पुलिस दिन-रात ड्यूटी कर रही है। किसी को भी किसी तरह की दिक्कत नहीं होने दी है। हर पहलू को ध्यान में रखकर काम किया जा रहा है, लेकिन किसी को दिक्कत है तो सिर्फ नेताजी को है। उन्होंने पूर्व विधायक को साफ शब्दों में कहा की बिना किसी वजह के गलत आरोप लगाना बहुत आसान है। जब पुलिस काम कर रही है और किसी को दिक्कत नहीं है फिर भी किसी को दिक्कत है तो आप समझ सकते हैं कि उन्हें कोई पर्सनल परेशानी होगी लेकिन, इस तरह से पब्लिक इश्यू बनाने की इसमें कोई जरूरत नहीं थी। मामला सामने आने के बाद नेता जो किजनकार किरकिरी हो रही है।--