सागर- शमसान की जमीन पर दबंगों का कब्जा, नहीं हो पाता अंतिम संस्कार,वि-वाद की बनती है स्थिति !
शमसान की जमीन पर दबंगों ने अतिक्रमण करके रखा है। जब भी किसी का निधन होता है तो अंतिम संस्कार करने में लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। पुलिस की समझाइश के बाद कहीं अंतिम क्रियाएं हो सकी। मामला कहीं और नहीं बल्कि सागर जिले के बीना क्षेत्र का है। जहां मगरधा ग्राम पंचायत के जेरुआ गांव में इस तरह के हालात हैं। जब लोग एक युवक का अंतिम संस्कार करने पहुंचे तो परेशानी उठानी पड़ी। आरोप है की मुक्तिधाम पहुंचे तो वहां सरकारी जगह पर अतिक्रमण करने वाला व्यक्ति विवाद करने लगा। खिमलासा पुलिस की काफी समझाइश के बाद अंतिम संस्कार हो सका।
बताया गया की जेरूआ गांव निवासी मनीष अहिरवार की किसी पदार्थ के खाने से इलाज के दौरान जान चली गई। पीएम के बाद उसकी डेड बॉडी गांव लाई गई। आरोप है की गांव के मुक्तिधाम पर कई सालों से गांव के लोग कब्जा किए हुए हैं। मुक्तिधाम न होने से ग्रामीणों को अपने परिजनों का अंतिम संस्कार अपने खेतों में करना पड़ रहा है। यह स्थिति कई सालों से बनी हुई है।
जब मनीष का अंतिम संस्कार करने परिजन, रिश्तेदार और ग्रामीण इकट्ठा हुए तो सबसे बड़ी परेशानी अंतिम संस्कार करने की हो रही थी। गांव के मुक्तिधाम की जमीन पर कुछ लोग फसल बोए हुए हैं। जिससे लोगों को परेशानी उठानी पड़ती है। परिजन और ग्रामीण चक्काजाम करने की तैयारी कर रहे थे। सूचना के बाद खिमलासा पुलिस मौके पर पहुंच गई। सभी लोग इकट्ठे होकर मुक्तिधाम की जगह पर पहुंचे तो कब्जा करने वाले लोग विवाद करने लगे। यहां तक कि कब्जा करने वाला व्यक्ति मौके पर अपनी जान देने की कोशिश करने लगा। खिमलासा पुलिस ने तत्काल उसे रोक लिया और काफी समझाइश के बाद अंतिम संस्कार हो सका।