सागर- गैस की लाइनों पर मचा हड़कंप! मंत्री गोविंद सिंह राजपूत बोले प्रदेश में गैस की कोई कमी नहीं
मध्यप्रदेश के कई जिलों में इन दिनों गैस एजेंसियों के बाहर लंबी-लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। घरेलू और कमर्शियल गैस सिलेंडर को लेकर लोगों में असमंजस और चिंता का माहौल है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चल रहे युद्ध और गैस सप्लाई को लेकर फैली खबरों के बीच लोग बड़ी संख्या में सिलेंडर लेने के लिए गैस एजेंसियों पर पहुंच रहे हैं। इसी बीच प्रदेश के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने इस पूरे मामले पर सफाई देते हुए कहा है कि मध्यप्रदेश में गैस की कोई कमी नहीं है और लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है।
मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि वर्तमान में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर युद्ध जैसी स्थिति के कारण विदेशों से आने वाली गैस की सप्लाई में कुछ दिक्कतें जरूर सामने आ रही हैं। उन्होंने बताया कि भारत में लगभग 50 प्रतिशत गैस का उत्पादन देश के अंदर ही होता है, जबकि बाकी 50 प्रतिशत गैस विदेशों से आयात की जाती है। विदेशों से आने वाली सप्लाई में थोड़ी परेशानी होने के बावजूद प्रदेश में गैस का पर्याप्त भंडारण मौजूद है। उन्होंने स्पष्ट किया कि चाहे घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर हो या कमर्शियल गैस सिलेंडर, फिलहाल प्रदेश में दोनों की पर्याप्त उपलब्धता है। इसलिए लोगों को किसी तरह की अफवाहों पर ध्यान नहीं देना चाहिए और अनावश्यक रूप से गैस सिलेंडर जमा करने की कोशिश नहीं करनी चाहिए।
मंत्री ने यह भी कहा कि प्रदेश सरकार गैस की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के निर्देश पर एक विशेष निगरानी समिति का गठन किया गया है, जिसमें तीन मंत्री शामिल हैं। यह समिति लगातार हालात की समीक्षा कर रही है और केंद्र सरकार के साथ भी संपर्क में है। गोविंद सिंह राजपूत ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर कहीं भी गैस सिलेंडर की कालाबाजारी या कृत्रिम संकट पैदा करने की शिकायत सामने आती है, तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जनता से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी समस्या की स्थिति में संबंधित अधिकारियों को सूचना दें। सरकार का दावा है कि फिलहाल मध्यप्रदेश में गैस की सप्लाई पूरी तरह सामान्य है।