Sagar-एक तरफा प्यार में नर्स की ह त्या, शादी करने पर अड़ा था मौसेरा भाई, नहीं मानी तो गोली मार दी
सागर की शाहगढ़ नर्स की मर्डर मिस्ट्री पर पुलिस ने 24 घंटे के अंदर खुलासा कर दिया है, पुलिस के मुताबिक, नर्स दीपशिखा चढ़ार को उसके मौसेरे भाई सुशील आठ्या ने गोली मारी थी। वह दीपशिखा से एकतरफा प्यार करता था। सुशील उसकी हत्या करने के लिए मंगलवार को ही जबलपुर से सागर आया था। दिनभर रेकी करने के बाद रात को मौका मिलते ही उसने अपने इरादे को अंजाम दे दिया। फिर भाग निकला। उसने नर्स को तीन गोलियां मारीं। एक गोली मिस हो गई, जबकि दो गोली दीपशिखा की पीठ से होते हुए दिल तक पहुंच गईं। पुलिस के मुताबिक, सुशील आठ्या जबलपुर के पनागर का रहने वाला है। वह बेरोजगार है। लंबे समय से दीपशिखा के पीछे पड़ा था, उससे शादी करना चाहता था। दीपशिखा इनकार कर रही थी, इसी बात को लेकर दोनों के बीच अनबन चल रही थी। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए दीपशिखा के परिवार ने गुरुवार को चक्काजाम भी किया। पुलिस की समझाइश के बाद मामला शांत हो सका।
हत्यारा कौन है, इस सवाल को सुलझाने के लिए पुलिस ने अलग-अलग टीमें बनाईं। पड़ताल में पता चला कि सुशील, दीपशिखा से एकतरफा प्यार करता था। दोनों ने नर्सिंग का कोर्स साथ ही किया था। करीब दो साल पहले दीपशिखा की नौकरी स्वास्थ्य विभाग में लग गई। वह शाहगढ़ आ गई। उधर, सुशील की नौकरी कहीं नहीं लग पाई। वह दीपशिखा को अक्सर फोन करके शादी करने की बात कहता था। परेशान होकर दीपशिखा ने उससे दूरी बना ली। बात करना बंद कर दिया। इसे लेकर सुशील उससे बैर पालने लगा।
पुलिस को पता चला है कि सुशील वारदात को अंजाम देने के लिए एक दिन पहले ही शाहगढ़ आ गया था। उसने दीपशिखा के अस्पताल आने-जाने का समय और रास्ता पता किया। बुधवार शाम को उसके आने से पहले ही अस्पताल पहुंच गया। एक दुकान के पास बैठकर दीपशिखा के आने का इंतजार करने लगा। उसके पहुंचते ही फायरिंग कर दी।
फिलहाल, पुलिस की अलग-अलग टीमें सुशील की गिरफ्तारी की कोशिश में जुटी हैं। एक टीम जबलपुर भेजी गई है, जो पनागर में छानबीन कर रही है। दूसरी टीमें आरोपी के रिश्तेदार और परिचितों के घर दबिश दे रही हैं।