Sagar-बसंत पंचमी पर इस छोटे से उपाय से बदल सकती है किस्मत, जल्द हो सकती शादी |SAGAR TV NEWS|
सरस्वती मंदिर की खास बात ये है कि बुंदेलखंड में उत्तरमुखी सरस्वती मंदिर और कहीं नहीं है. इस बार बसंत पंचमी के अवसर पर यहां विशेष तैयारियां की जा रही हैं.मंदिर के पुजारी पंडित यशोवर्धन चौबे बताते है कि मां सरस्वती का मंदिर उत्तरमुखी होने के कारण इसका विशेष महत्व है. मां सरस्वती ज्ञान की देवी तो हैं ही, साथ में उत्तर दिशा की अधिष्ठात्री हैं.
एकल उत्तरमुखी प्रतिमा का यह एकमात्र मंदिर है. इस मंदिर के बारे में मान्यता है कि यदि किसी की शादी में देरी हो रही हो, तो वो लड़का या लड़की मां सरस्वती के लिए 108 बादाम की माला चढ़ाए, तो जल्द शादी हो जाती है.
वहीं, जो बच्चे पढ़ाई में कमजोर होते हैं, वो 108 मखाने की माला चढ़ाकर मां सरस्वती को प्रसन्न करते हैं और पढ़ाई में अच्छा प्रदर्शन करते हैं. लेकिन यहां ये ध्यान रखा जाता है कि मां को माला अर्पित सूर्यास्त के पहले करें. मां की प्रतिमा पर ही माला चढ़ाएं. किसी चित्र या मां की खड़ी हुई प्रतिमा पर माला नहीं चढ़ाएं.