स्कूल में बच्चों की अपनी बैंकिंग व्यवस्था, बचत से लेकर चेक तक, ‘स्टूडेंट सेविंग बैंक’ से मिल रही वित्तीय समझ
एमपी के बुरहानपुर जिले के बोरसर गांव स्थित उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पढ़ाई के साथ-साथ विद्यार्थियों को जीवन की अहम सीख देने की एक अनोखी और प्रेरणादायक पहल शुरू की गई है। यहां छात्रों द्वारा संचालित ‘स्टूडेंट सेविंग बैंक ऑफ बोरसर’ न सिर्फ बचत की आदत डाल रही है, बल्कि बच्चों को बैंकिंग प्रक्रिया और वित्तीय साक्षरता की व्यावहारिक समझ भी दे रही है। इस विशेष छात्र बैंक का संचालन कक्षा 12वीं की छात्राएं स्वयं करती हैं। राष्ट्रीयकृत बैंकों की तर्ज पर छात्राएं ही क्लर्क, कैशियर और मैनेजर की भूमिका निभा रही हैं। बैंक में जमा-निकासी, लेखा-जोखा और रिकॉर्ड संधारण पूरी पारदर्शिता और अनुशासन के साथ किया जाता है, जिससे विद्यार्थियों में जिम्मेदारी और आत्मविश्वास का विकास हो रहा है।
स्टूडेंट सेविंग बैंक का अपना अलग आईएफएससी कोड है और प्रत्येक विद्यार्थी को एक यूनिक खाता संख्या प्रदान की गई है। खाताधारकों को पासबुक, जमा पर्ची, आहरण पर्ची और चेक बुक जैसी सुविधाएं भी दी जाती हैं, जिससे बच्चों को वास्तविक बैंकिंग प्रणाली का अनुभव मिल रहा है। बैंक का संचालन प्रत्येक सप्ताह बुधवार और शनिवार को मध्याह्न अवकाश के दौरान किया जाता है। आवश्यकता पड़ने पर अन्य दिनों में भी बैंक खोला जाता है। खाता खोलने के लिए विद्यार्थियों को निर्धारित फॉर्म के साथ आधार कार्ड, समग्र आईडी, पासपोर्ट साइज फोटो और पालक की सहमति अनिवार्य रूप से देनी होती है।
बैंक का आईएफएससी कोड माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा जारी संस्था कोड पर आधारित है, जबकि खाता संख्या संस्था के डाइस कोड और छात्र के रोल नंबर को जोड़कर तैयार की गई है। बैंक से जुड़े सभी प्रपत्रों पर तनाव प्रबंधन हेल्पलाइन और उमंग किशोर हेल्पलाइन नंबर भी अंकित किए गए हैं, ताकि छात्र मानसिक स्वास्थ्य और सहायता सेवाओं के प्रति जागरूक रहें। प्राचार्य योगेश पाटील ने बताया कि यहां जमा और निकासी 10 या 20 रुपये के गुणक में होती है, जिसकी प्रविष्टि कैशबुक और पासबुक दोनों में की जाती है। हर तीन महीने में सर्वाधिक बचत करने वाले तीन विद्यार्थियों को प्रोत्साहन स्वरूप पेन, कॉपी, प्रिंटेड टी-शर्ट और घरेलू उपयोग की सामग्री दी जाती है। जिला शिक्षा अधिकारी रविंद्र महाजन ने इस अभिनव पहल की सराहना करते हुए इसे विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक सराहनीय कदम बताया है।