सागर में अवैध मसाला चक्की पर छापा, 98 किलो मिलावटी लाल मिर्च जब्त, मिलावटखोरों पर बड़ा वार
सागर जिले में आम लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों पर प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। कलेक्टर संदीप जी. आर. के निर्देशन में खाद्य सुरक्षा प्रशासन द्वारा मिलावट के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में मुखबिर से मिली पुख्ता सूचना के आधार पर बमोरी रेगुंवा क्षेत्र में बिना लाइसेंस संचालित एक अवैध मसाला चक्की पर छापा मारा गया, जहां मिलावटी लाल मिर्च का बड़ा खेल सामने आया।
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने जब मसाला चक्की की जांच की, तो वहां चौंकाने वाले तथ्य उजागर हुए। मौके पर करीब एक कुंटल खड़ी लाल मिर्च पाई गई, जिसमें गेहूं का आटा और अखाद्य रासायनिक रंग मिलाकर पिसाई की जा रही थी। यह मिलावटी सामग्री आम बाजार में सप्लाई करने की तैयारी में थी, जिससे लोगों के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा मंडरा रहा था।
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि मिलावट की गई लाल मिर्च विनोद गुप्ता द्वारा उपलब्ध कराई गई थी, जबकि मसाला चक्की नंदलाल चढ़ार की बताई गई। हैरानी की बात यह रही कि दोनों के पास आवश्यक फूड सेफ्टी लाइसेंस नहीं पाया गया। बिना किसी वैध अनुमति के खाद्य पदार्थों की पिसाई और बिक्री का यह मामला कानून का खुला उल्लंघन है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने मौके से 98 किलो लाल मिर्च चूर्ण और अखाद्य रंग का मिश्रण जब्त कर लिया। साथ ही मिलावटी सामग्री के नमूने संग्रहित कर खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजे गए हैं, ताकि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा सके।
अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की मिलावट से आम उपभोक्ताओं की सेहत पर गंभीर असर पड़ सकता है, जिसमें पेट संबंधी बीमारियों से लेकर लंबे समय तक स्वास्थ्य नुकसान की आशंका रहती है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि दोषियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा। खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि यदि कहीं भी मिलावटी खाद्य पदार्थों की सूचना मिले, तो तुरंत प्रशासन को अवगत कराएं। सागर जिले में मिलावटखोरों के खिलाफ यह अभियान आगे भी पूरी सख्ती के साथ जारी रहेगा।