अमित का मोहन पर अमिट भरोसा, अटल जयंती के मंच से विपक्ष की अफवाहों पर अमित शाह का करारा वार
अटल बिहारी वाजपेयी जी की 101वीं जयंती पर एमपी के ग्वालियर का मंच सिर्फ स्मरण का नहीं, बल्कि एक बड़े राजनीतिक संदेश का गवाह बना। इस मंच से केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पूरे देश को साफ-साफ बता दिया कि मध्यप्रदेश की कमान पूरी तरह मजबूत हाथों में है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व पर केंद्र सरकार का भरोसा अडिग है — और विपक्ष की तमाम अफवाहें आज धराशायी हो गईं। अमित शाह ने मंच से कहा, “डॉ. मोहन यादव तो शिवराज सिंह चौहान जी से भी ज्यादा ऊर्जा और जोश के साथ काम कर रहे हैं।” ये शब्द सिर्फ तारीफ नहीं थे, बल्कि यह संकेत थे कि दिल्ली से भोपाल तक सरकार एकजुट होकर विकास की राह पर आगे बढ़ रही है। शाह जी ने ‘अभ्युदय मध्यप्रदेश ग्रोथ समिट–2025’ का जिक्र करते हुए डॉ. मोहन यादव की नई सोच की जमकर सराहना की। हर मंडल में क्षेत्रीय निवेश सम्मेलनों की श्रृंखला को उन्होंने “क्रांतिकारी पहल” बताया, जिससे प्रदेश का संतुलित और समावेशी विकास सुनिश्चित हो रहा है।
आज मध्यप्रदेश में राजनीति नहीं, परफॉर्मेंस बोल रही है। आंकड़े इसकी गवाही दे रहे हैं — 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश, 1655 औद्योगिक इकाइयों का भूमिपूजन और लोकार्पण, 1.93 लाख से ज्यादा प्रत्यक्ष रोजगार, 725 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि निवेशकों के खातों में सीधा ट्रांसफर। यह सब उस माहौल का नतीजा है, जहां सरकार और केंद्र मिलकर काम कर रहे हैं। डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में डबल इंजन सरकार अब पूरी रफ्तार पकड़ चुकी है। अटल जी के सपनों का मध्यप्रदेश आज नए आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है। साफ संदेश है — नेतृत्व मजबूत है, समर्थन पूरा है और एजेंडा सिर्फ विकास है। मध्यप्रदेश अब विकसित भारत के सपने का मजबूत इंजन बन चुका है… और यह सफर अभी और तेज होने वाला है।