सागर- खुरई में नाला निर्माण बना मुसीबत, पाइप लाइन टूटी, सड़कों पर उछला पानी, जनता बेहाल!
जो वीडियो आप देख रहे हैं, वह किसी पार्क का फव्वारा नहीं… बल्कि सागर जिले के खुरई की लापरवाही की खुली पोल है। पठारी रोड पर तालाब के पास नाला निर्माण कार्य के दौरान पानी की पाइप लाइन को कई जगहों पर तोड़ दिया गया है। नतीजा— जलापूर्ति शुरू होते ही पाइप लाइन से पानी फव्वारे की तरह उछलने लगा। यह नजारा देखकर स्थानीय लोग हैरान रह गए, लेकिन निर्माण कार्य कर रही डायमंड इंफ्रा कंपनी के अधिकारियों को इसकी कोई चिंता नहीं दिखी। पेयजल की हो रही भारी बर्बादी के बीच लोग सुबह से पानी के लिए परेशान हो उठे।
शहर में अंडरग्राउंड सीवरेज, नाला और सड़क निर्माण का कार्य पहले से ही लोगों के लिए मुसीबत बना हुआ है। बारिश के पूरे मौसम में खुरई–पठारी रोड पर सीवरेज की खुदाई से लोग परेशान थे और अब नाले की खुदाई ने उनका जनजीवन फिर से अस्त-व्यस्त कर दिया है। तालाब के पास पिछले दो दिनों से सड़क पूरी तरह बंद है, जिससे लोगों को आने-जाने में भारी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है।
इस सड़क पर कन्या हायर सेकेंडरी स्कूल, कब्रिस्तान, पॉलिटेक्निक कॉलेज, नवोदय विद्यालय, कृषि उपज मंडी और सिविल अस्पताल जैसे महत्वपूर्ण स्थान आते हैं। ऐसे में विद्यार्थियों, मरीजों, दुकानदारों और आम जनता की परेशानियां बढ़ गई हैं। उधर, खुदाई के दौरान मजदूरों ने जो पाइप लाइन तोड़ी, उसका असर जलापूर्ति पर साफ नजर आया। जैसे ही पानी छोड़ा गया, जगह-जगह टूटी पाइप लाइनें गीजर की तरह पानी उगलने लगीं। लोग घरों में पानी के लिए भटकते रहे, जबकि सड़क पर हजारों लीटर पानी बेकार बहता रहा। वॉर्डवासी सुरेश साहू और वसीम खान ने कंपनी की लापरवाही पर कड़ी नाराजगी जताई।
उनका कहना है कि काम तो किया जा रहा है, लेकिन बिना प्लानिंग और बिना जिम्मेदारी के। नतीजा जनहित के काम जनता के लिए मुसीबत बनते जा रहे हैं। स्थानीय लोगों की मांग है कि टूटी पाइप लाइन की तुरंत मरम्मत की जाए और निर्माण कंपनी को जवाबदेह बनाया जाए, ताकि खुरई वासियों को रोज-रोज नई समस्या का सामना न करना पड़े।