ऑनलाइन सट्टा का पर्दाफाश,पुलिस ने तीन सटोरिए, 1.50 लाख का माल बरामद, नौकरी के बहाने ठगी
पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय ऑनलाइन सट्टा गैंग का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने तीन आरोपियों को छत्तीसगढ़ के भिलाई से गिरफ्तार कर उनके कब्जे से लाखों रुपए का मशरुका बरामद किया है। यह कार्रवाई उस समय की गई जब एक फरियादी ने नौकरी के नाम पर ठगे जाने की शिकायत दर्ज कराई। दरअसल एमपी के अनूपपुर जिले के बिजुरी में फरियादी मोहम्मद बिलाल ने पुलिस को बताया कि आरोपी सलमान मंसूरी निवासी अलीनगर, बिजुरी ने नौकरी दिलाने के बहाने उससे 45 हजार रुपए की ठगी की। इतना ही नहीं, आरोपी ने बिलाल और उसके भाइयों के नाम पर एचडीएफसी बैंक में खाते खुलवाए और इन खातों का उपयोग ऑनलाइन सट्टे के लेन-देन में किया। खातों के संदिग्ध लेन-देन के चलते बैंक ने उन पर होल्ड लगा दिया।
शिकायत के आधार पर बिजुरी पुलिस ने अपराध क्रमांक 251/2025, धारा 420 भादवि दर्ज कर जांच शुरू की। विवेचना के दौरान पुलिस टीम ने सलमान मंसूरी को उसके दो साथियों शुभम वर्मा और विकास यादव के साथ छत्तीसगढ़ के भिलाई से गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 1 लैपटॉप, 1 टैबलेट, 8 मोबाइल फोन, 12 हजार रुपए नगद और अन्य दस्तावेज जप्त किए, जिनकी कुल कीमत करीब 1.50 लाख रुपए बताई जा रही है। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे नए बैंक खातों का इस्तेमाल करके अवैध ऑनलाइन सट्टा खिलाने और भारी भरकम लेन-देन करने का काम कर रहे थे।
थाना प्रभारी बिजुरी विकास सिंह ने बताया कि यह एक अंतरराज्यीय गैंग है, जिसके तार अन्य जिलों और राज्यों से भी जुड़े हो सकते हैं। पुलिस आरोपियों से गहराई से पूछताछ कर रही है और जल्द ही अन्य सहयोगियों को भी पकड़ने की संभावना है। इस कार्रवाई से न केवल जिले में बल्कि आसपास के क्षेत्रों में सक्रिय ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क पर भी बड़ा असर पड़ने की उम्मीद है।