सागर में मुख्यमंत्री का बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालु करते रहे इंतजार नहीं पहुंचे गंगा आरती में
सागर की ऐतिहासिक लाखा बंजारा झील के चकराघाट स्थित नवग्रह मंडपम के सामने गौरव दिवस के अवसर पर भव्य गंगा आरती का आयोजन किया गया। इस अवसर पर हजारों श्रद्धालु उपस्थित हुए और धर्म लाभ लिया। डमरू, शंख, झालर और मंत्रोच्चार के साथ हुई इस आरती का मुख्य उद्देश्य झील को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के प्रति जन-जागरूकता फैलाना था।स्मार्ट सिटी और नगर निगम द्वारा जलस्रोतों को स्वच्छ रखने और पर्यावरण संरक्षण के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। नगर निगम आयुक्त श्री राजकुमार खत्री ने बताया कि हर सोमवार गंगा आरती का आयोजन किया जाता है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे अपने वार्ड और घरों के आसपास स्वच्छता बनाए रखें और अन्य को भी प्रेरित करें। झील को जलकुंभी और प्रदूषण मुक्त करने के लिए नगर निगम ने नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम के तहत सफाई कार्य तेज किया है। चकराघाट पर फूल और पूजन सामग्री के सही विसर्जन हेतु विशेष नाडेप पिट भी स्थापित किए गए हैं।गंगा आरती के दौरान स्थानीय कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच दिया गया।
बुंदेलखंड के प्रसिद्ध नृत्य और लोकगीतों ने उपस्थित जनसमुदाय का मन मोह लिया। रासलीला, सितार वादन, और बुंदेली लोक वाद्य यंत्रों की प्रस्तुति ने माहौल को भक्तिमय बना दिया। आरती के दौरान झील में क्रूज और नाव पर सवार श्रद्धालुओं ने दीपदान किया और आयोजन का हिस्सा बने। चकराघाट के सभी घाटों पर आकर्षक साज-सज्जा और आतिशबाजी ने कार्यक्रम को और भव्य बनाया। घाटों पर दीप प्रज्वलन और नवग्रह मंडपम की फूलों से सजावट ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। आयुक्त ने नागरिकों से अपील की कि स्वच्छता सर्वेक्षण 2024 में शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए सक्रिय सहयोग करें। साथ ही, उन्होंने नागरिकों को जागरूक करते हुए झील और अन्य जलस्रोतों की स्वच्छता बनाए रखने की जिम्मेदारी निभाने का आग्रह किया। गौरव दिवस पर हुए इस ऐतिहासिक आयोजन ने न केवल सांस्कृतिक, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता का संदेश भी दिया। हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने इसे एक यादगार क्षण बना दिया।